बचपन
बचपन
कुछ किताबें और
एक कलम दिला दो मुझे,
आसपास स्कूल कहां है
ये बता दो मुझे;
अभी तो मेरी आंखो को
हर चीज नायाब लगती है
पर सही क्या है क्या गलत
ये बता दो मुझे;
मै नादान हूं अभी
कुछ सिखा दो मुझे!
मुझ में हो सकता है
एक और कलाम
उनके जैसा बना दो मुझे!
अक्षरों से
कुछ प्यार सा है मुझे,
शब्द कैसे बनते हैं
ये बता दो मुझे!
अटल की वो कविता
सिखा दो मुझे!
होटलों में फैक्ट्रियों में
छोटू बुलाते है लोग मुझे,
इस नाम से
छुटकारा दिला दो मुझे!
मै बच्चा हूं मासूम
इस देश का
भविष्य बना दो मुझे!
कभी भारत दर्शन भी
करा दो मुझे!
अगर इतना ना कर सको
तो बस कुछ किताबें
और एक कलम दिला दो मुझे!
आसपास स्कूल कहां है
ये बता दो मुझे!
मै बचपन हूं
बचा लो मुझे,
थोड़ा सवांर दो
थोड़ा सजा दो मुझे।
कुछ किताबें और......!!














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