अंतरराष्ट्रीय राजनीति: आदर्शवादी दृष्टिकोण

आदर्शवादी दृष्टिकोण, संस्थावादी तथा विधि-वादी अध्ययन की ओर प्रवृत्त है। अंतरराष्ट्रीय राजनीति की जटिल समस्याओं के समाधान के लिए यह तीन, तत्वों पर बल देता है, पहला राष्ट्रों को अपने अंतरराष्ट्रीय व्यापार में नैतिक सिद्धांतों पर चलना चाहिए और परंपरागत शक्ति राजनीति से दूर रहने का प्रयत्न करना चाहिए। दूसरा शक्ति राजनीति के प्रबल पोषक सर्वाधिकार-वादी दल रहे हैं, ऐसे दलों के अस्तित्व को समाप्त करने का प्रयत्न करना चाहिए। तीसरा विश्व सरकार की स्थापना करके शक्ति राजनीति को सदैव के लिए दफना देना चाहिए।

आदर्शवादी अंतरराष्ट्रीय राजनीति को स्वयं में साध्य न मानकर केवल एक साधन मानते हैं जिसका उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय न्याय का विकास करना है। जिस प्रकार राज्य का उद्देश्य नागरिकों की स्वतंत्रता समानता और कल्याण की वृद्धि करना है, उसी प्रकार मानते हैं अंतरराष्ट्रीय राजनीति में इन्हीं मानवी लक्ष्यों के प्राप्ति के लिए विदेश नीति का संचालन होना चाहिए। संक्षेप में अंतरराष्ट्रीय राजनीति का आदर्शवादी दृष्टिकोण राजनीतिक नैतिकता अंतरराष्ट्रीय लोकमत विश्व संघवाद विश्व सरकार के आदर्श के साथ बंधा है। यह शांति और न्याय पूर्ण विश्व व्यवस्था में विश्वास करता है।

Comments

Popular Posts